न हिजाब, न केसरिया सिर्फ ड्रेस कोड चलेगा: कर्नाटक के राजस्व मंत्री अशोक
सरकारी स्कूलों में कर्नाटक की सरकार न तो हिजाब के पक्ष में है और न ही केसरिया के पक्ष में है। कर्नाटक के राजस्व मंत्री अशोक ने कहा, ''छात्र सड़कों पर जो चाहें पहन सकते हैं, लेकिन स्कूलों में ड्रेस कोड अनिवार्य है। हमने छात्रों की सुरक्षा के लिए एहतियात के तौर पर स्कूल और कॉलेज बंद कर दिए हैं। इस राजनीति के पीछे है कांग्रेस है।'' बता दें प्रदेश में 3 दिन के लिए मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई के निर्देश पर हाई स्कूल और कॉलेज बंद हैं। हाईकोर्ट में इस मामले पर सुनवाई होनी है।
सरकार ने ये भी बताया कि जिन लोगों की गिरफ्तारी हिजाब विवाद में हुई है, स्कूल से उनका कोई भी संबंध नहीं हैं। नारा लगा रही लड़की ने बताया कि कल अचानक प्रिंसिपल मुझे हिजाब हटाने को कहे। कॉलेज के बाहर बहुत सारे लड़के चिल्ला-चिल्ला कर हमें डरा रहे थे। कुछ लोगों ने तो 'पाकिस्तान लौट जाओ' भी कहा था।
बुधवार को इस मामले पर कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा ये फैसला करने का अधिकार महिलाओं का हैं। "लड़की हूं, लड़ सकती हूं" हैशटैग के साथ उन्होंने ट्वीट किया, "चाहे वह बिकनी हो, घूंघट हो, जींस हो या हिजाब हो, यह फैसला करने का अधिकार महिलाओं का है कि उन्हें क्या पहनना है।" प्रियंका गांधी ने कहा कि भारतीय संविधान ने इस अधिकार की गारंटी दी है।
कर्नाटक के एक कॉलेज में क्लास के अंदर हिजाब पहनने के लिए मुस्लिम लड़कियों को मना किया गया। जिसका उन्होंने विरोध किया और इसे धार्मिक स्वतंत्रता करार दिया। जिसके बाद कुछ बच्चो ने हिजाब विरोध के बीच भगवा गमछे या शॉल पहना शुरू कर दिया। जिससे विवाद और बढ़ गया और मामला हाईकोर्ट तक जा पहुंचा।
हेमलता बिष्ट
Sandhya Halchal News